
सुकमा। कलेक्टर देवेश कुमार ध्रुव के निर्देशानुसार अकांक्षी जिला सुकमा में अंतरराष्ट्रीय बालिका दिवस के अवसर पर बालिकाओं के सर्वांगीण विकास, सुरक्षा और सशक्तिकरण को केंद्र में रखते हुए विविध जनजागरूकता कार्यक्रमों का आयोजन किया गया। कार्यक्रम के अंतर्गत जिले के विभिन्न विद्यालयों एवं ग्राम पंचायतों में जनजागरूकता रैली, रंगोली एवं चित्रकला प्रतियोगिता, और जागरूकता सत्रों का सफल आयोजन किया गया। इन कार्यक्रमों के माध्यम से बालिकाओं को गुड टच-बैड टच, महिला सुरक्षा से जुड़ी सरकारी योजनाओं, तथा हेल्पलाइन नंबरों (1098, 112, 181) की जानकारी दी गई। शिक्षा विभाग, पंचायत प्रतिनिधियों, शिक्षकों, ग्रामीणों, छात्राओं और अभिभावकों की सक्रिय भागीदारी से पूरा जिला बालिका सशक्तिकरण के रंग में रंग गया। वक्ताओं ने बालिकाओं को शिक्षा, स्वास्थ्य, आत्मनिर्भरता और आत्मविश्वास की दिशा में आगे बढ़ने के लिए प्रेरित किया।कार्यक्रम में एलएसडीजी थीम की महिला हितैषी पंचायत की अवधारणा पर चर्चा की गई, जिससे प्रतिभागियों को सतत विकास लक्ष्यों (SDGs) की समझ और अपने अधिकारों के प्रति जागरूकता प्राप्त हुई। सभी उपस्थित लोगों ने बालिकाओं की सुरक्षा, सम्मान और समान अवसर सुनिश्चित करने का सामूहिक संकल्प लिया। इस आयोजन में एस्पिरेशन इंडिया कॉलेबोरेटिव टीम का तकनीकी सहयोग प्राप्त हुआ, जिससे कार्यक्रमों की प्रभावशीलता और जनभागीदारी में उल्लेखनीय वृद्धि हुई। कलेक्टर देवेश कुमार ध्रुव ने कहा बताया किप्रधानमंत्री आवास योजना ने सुकमा जिले में स्थित दुर्गम क्षेत्रों में भी विकास की नई रोशनी फैलाई है। नियद नेल्लानार योजना का लक्ष्य है कि कोई भी गरीब और पात्र परिवार छतविहीन न रहे। ग्रामीणों की खुशहाली ही जिले की असली पहचान है। सुक्की ने हृदय से प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, मुख्यमंत्री विष्णु देव साय, उपमुख्यमंत्री श्री विजय शर्मा एवं जिला प्रशासन सुकमा का आभार व्यक्त किया। प्रधानमंत्री आवास योजना (ग्रामीण), नियद नेल्लानार योजना और मनरेगा के समन्वित प्रयासों से आज सुकमा के दूरस्थ गांवों में आत्मनिर्भरता, सुरक्षा और सम्मान का नया अध्याय लिखा जा रहा है।