Naxalism

नक्सलियों ने प्रेस नोट जारी कर आत्मसमर्पण को बताया फर्जी।

पुलिस अधिकारियों पर जबरन आत्म समर्पण का लगाया आरोप।

दंतेवाड़ा। दक्षिण बस्तर दंतेवाड़ा जिले में विगत विजयादशमी पर पांच लाख के इनामी नक्सली के आत्मसमर्पण को माओवादियों की दरभा डिवीजन कमेटी ने फर्जी बताते हुए प्रेस विज्ञप्ति जारी की है इस विज्ञप्ति में दंतेवाड़ा पुलिस अधीक्षक सिद्धार्थ तिवारी, डीआईजी पुलिस कमलोचन कश्यप एवं सीआरपीएफ डीआईजी विनय कुमार सिंह पर फर्जी आत्मसमर्पण का आरोप लगाया है। जिले में लोन वर्राटू अभियान के तहत हो रहे हैं आत्मसमर्पण को जबरन आत्मसमर्पण कराने का उल्लेख प्रेस विज्ञप्ति में नक्सलियों के द्वारा किया गया है। इसके अतिरिक्त 19 सितंबर को दंतेवाड़ा के बुरगुम में हुई मुठभेड़ में 15 लाख के ईनामी अर्जुन सोढ़ी को मार गिराने का दावा पुलिस के द्वारा किया गया था जिसे माओवादियों ने फर्जी बताया है। प्रेस नोट में माओवादियों द्वारा द्वारा उल्लेख करते हुए प्रदेश में भुपेश सरकार साम्राज्यवादी नीति के तहत बहुराष्ट्रीय कम्पनियों के साथ सार्वजनिक सम्पत्ति, जल जंगल जमीन एवं संसाधनों को सस्ते में सौंपने वाले समझौते कर रही है। देश मे आर्थिक एवं वित्तीय संकट को गरीब वर्ग एवं मजदूर तबकों के कंधों में डाला जा रहा है। विज्ञप्ति में आम जनता को नक्सलियों के नाम पर मारपीट, गोली चलाना, गिरफ्तार करने को बन्द करने का जिक्र किया है। घर वापसी अभियान में नक्सलियों के नाम पर आम जनता का आत्मसमर्पण बंद करने, नए पुलिस कैंप खोलने पुलिस द्वारा आपरेशन बंद करने महिलाओं के ऊपर हत्या एवं अत्याचार बंद करने का जिक्र किया गया है। यह विज्ञप्ति माओवादियों को दरभा डिवीजन की मलांगीर एरिया कमेटी द्वारा जारी किया गया है।